डॉ. सी. वी. रमन विश्वविद्यालय की राष्ट्रीय सेवा योजना (एन.एस.एस.) इकाई द्वारा
आयोजित एक दिवसीय शिविर के अंतर्गत विद्यार्थियों ने
तीर्थस्थल संत सिंगाजी समाधि का भ्रमण करते हुए सामाजिक स्वच्छता एवं पर्यावरण
संरक्षण का प्रेरणादायी संदेश दिया।
विश्वविद्यालय के कुलसचिव रवि चतुर्वेदी ने
जानकारी देते हुए बताया कि इस एक
दिवसीय शिविर में विश्वविद्यालय की
विभिन्न अध्ययनशालाओं के कुल 43 छात्र-छात्राओं ने
सक्रिय सहभागिता की। राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई प्रभारी विजय इंगले के मार्गदर्शन
में विद्यार्थियों ने संत सिंगाजी समाधि मंदिर में दर्शन किए तथा परिसर में
स्वच्छता अभियान चलाकर स्वच्छता के प्रति अपनी सामाजिक जिम्मेदारी का परिचय दिया।
इस अवसर पर विद्यार्थियों ने तीर्थयात्रियों एवं
स्थानीय नागरिकों को पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छ एवं स्वस्थ
परिवेश, प्लास्टिक मुक्त वातावरण तथा सार्वजनिक स्थलों की
साफ-सफाई बनाए रखने के लिए जागरूक किया। विद्यार्थियों ने लोगों को एकल उपयोग
प्लास्टिक के दुष्प्रभावों के बारे में जानकारी देते हुए कपड़े एवं पुनः उपयोग
योग्य सामग्री के उपयोग के लिए प्रेरित किया। साथ ही वृक्षारोपण, जल संरक्षण तथा प्राकृतिक संसाधनों के संतुलित उपयोग की आवश्यकता पर
संवाद करते हुए पर्यावरण संरक्षण को जनभागीदारी से जोड़ने का संदेश दिया।
विद्यार्थियों ने स्वच्छता को केवल एक अभियान न
मानते हुए इसे दैनिक जीवन की आदत बनाने पर जोर दिया तथा तीर्थस्थल की पवित्रता
बनाए रखने हेतु कचरा निर्धारित स्थान पर डालने, जल
स्रोतों को स्वच्छ रखने एवं हरित वातावरण के संरक्षण का आग्रह किया। इस दौरान
एनएसएस स्वयंसेवकों ने स्थानीय नागरिकों एवं श्रद्धालुओं से संवाद स्थापित कर
स्वच्छता एवं पर्यावरण संरक्षण से जुड़े संकल्प भी दिलाए। कार्यक्रम के दौरान श्रीमती पद्मा हाडा एवं श्री देवास उइके भी उपस्थिति थे।
विश्वविद्यालय के कुलगुरु डॉ. अरुण रमेश जोशी ने
विद्यार्थियों के इस सामाजिक प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि राष्ट्रीय सेवा
योजना के माध्यम से विद्यार्थियों में सामाजिक उत्तरदायित्व, सेवा भावना और पर्यावरण के प्रति संवेदनशीलता विकसित होती है। ऐसे आयोजन
उन्हें समाज और संस्कृति से जोड़ने का कार्य करते हैं।