डॉ. सी. वी. रमन विश्वविद्यालय, खंडवा द्वारा कृषि क्षेत्र में नवाचार को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित मिट्टी परीक्षण एवं वैज्ञानिक खेती विषय पर एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य महिला स्व-सहायता समूहों को वैज्ञानिक कृषि पद्धतियों से जोड़ते हुए बेहतर और टिकाऊ उत्पादन के लिए प्रशिक्षित करना रहा।
इस अवसर पर बताया गया कि एआई तकनीक की सहायता से मिट्टी की गुणवत्ता, पोषक तत्वों की स्थिति एवं फसल उपयुक्तता की सटीक जानकारी प्राप्त की जा सकती है, जिससे किसानों को सही फसल चयन एवं उर्वरक प्रबंधन में सहायता मिलेगी। कार्यक्रम के दौरान AI आधारित मिट्टी परीक्षण का लाइव डेमोंस्ट्रेशन भी प्रस्तुत किया गया, जिससे प्रतिभागियों को आधुनिक तकनीक की कार्यप्रणाली को प्रत्यक्ष रूप से समझने का अवसर मिला।
कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के वैज्ञानिकों एवं कृषि विशेषज्ञों ने जैविक, प्राकृतिक एवं वैज्ञानिक खेती के महत्व पर प्रकाश डाला। महिला समूहों को बताया गया कि वैज्ञानिक अनुसंधान और तकनीक का सही उपयोग कर खेती की लागत घटाई जा सकती है और उत्पादन की गुणवत्ता में वृद्धि की जा सकती है।
विश्वविद्यालय प्रशासन ने इस अवसर पर कहा कि डॉ. सी. वी. रमन विश्वविद्यालय महिला सशक्तिकरण, नवाचार आधारित कृषि विकास एवं ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए निरंतर प्रयासरत है। इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम किसानों और महिला समूहों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के संकाय सदस्य, कृषि वैज्ञानिक, महिला स्व-सहायता समूहों की सदस्याएँ एवं छात्र-छात्राएँ उपस्थित रहे।